पुलिस की वर्दी पहनना देश के लाखों युवाओं का सपना होता है। मेहनत, लगन और सेवा भावना के बावजूद आर्थिक तंगी और उचित मार्गदर्शन के अभाव में कई प्रतिभाशाली युवा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी से पीछे रह जाते हैं। ऐसे युवाओं के लिए DIG एवं SSP जशपुर तथा फोर्स एकेडमी मँझगवां के संस्थापक डॉ. लाल उमेद सिंह ने एक महत्वपूर्ण और प्रेरणादायक पहल की है।
डॉ. लाल उमेद सिंह ने छत्तीसगढ़ SI (Sub Inspector) प्री परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले अभ्यर्थियों के लिए बड़ा निर्णय लेते हुए घोषणा की है कि मुख्य परीक्षा की तैयारी करने वाले चयनित अभ्यर्थियों को बिलासपुर में निःशुल्क कोचिंग, अध्ययन सामग्री और आवासीय सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
इस पहल का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी प्रतिभाशाली युवा का पुलिस अधिकारी बनने का सपना केवल आर्थिक अभाव के कारण अधूरा न रह जाए।
31 अभ्यर्थियों को मिल चुकी है सफलता
फोर्स एकेडमी मँझगवां लंबे समय से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने और युवाओं को सफलता की दिशा में मार्गदर्शन देने का कार्य कर रही है।
संस्थान के प्रयासों और मार्गदर्शन से अब तक 31 अभ्यर्थियों का चयन पुलिस आरक्षक एवं नगर सेना में हो चुका है। इस सफलता के बाद अब फोर्स एकेडमी ने SI मुख्य परीक्षा की तैयारी कराने की जिम्मेदारी भी आगे बढ़ाई है।
संस्थान का लक्ष्य युवाओं को बेहतर तैयारी, अनुशासन और सही दिशा प्रदान करना है, ताकि वे प्रतियोगी परीक्षाओं में बेहतर प्रदर्शन कर सकें।
योग्यता होगी पहचान, आर्थिक स्थिति नहीं बनेगी बाधा
डॉ. लाल उमेद सिंह का मानना है कि किसी युवा की प्रतिभा उसकी आर्थिक स्थिति की मोहताज नहीं होनी चाहिए। यदि किसी अभ्यर्थी में मेहनत, लगन और देश-समाज की सेवा करने का जज्बा है, तो आर्थिक संसाधनों की कमी उसके भविष्य के रास्ते में बाधा नहीं बननी चाहिए।
इसी सोच के साथ फोर्स एकेडमी की ओर से यह सामाजिक पहल शुरू की गई है। इसका उद्देश्य योग्य और मेहनती अभ्यर्थियों को बेहतर अवसर एवं आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराना है।
बिलासपुर में मिलेगी निःशुल्क कोचिंग और आवास
फोर्स एकेडमी के समन्वयक लालजी पड़वार ने बताया कि SI प्री परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले अभ्यर्थियों के लिए बिलासपुर में निःशुल्क कोचिंग की व्यवस्था की जाएगी।
इसके साथ ही चयनित अभ्यर्थियों को अध्ययन सामग्री और आवासीय सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। इच्छुक अभ्यर्थी जल्द ही संस्थान से संपर्क कर इस विशेष सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।
संस्थान का उद्देश्य केवल प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों का चयन कराना नहीं है, बल्कि समाज को योग्य, अनुशासित और कर्तव्यनिष्ठ पुलिस अधिकारी प्रदान करना भी है।
महंगी कोचिंग के दौर में बड़ी राहत
आज प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए गुणवत्तापूर्ण कोचिंग और रहने की व्यवस्था पर काफी खर्च होता है। ऐसे में आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के युवाओं के लिए यह खर्च एक बड़ी चुनौती बन सकता है।
डॉ. लाल उमेद सिंह की यह पहल ऐसे ही प्रतिभाशाली युवाओं के लिए महत्वपूर्ण अवसर लेकर आई है। निःशुल्क कोचिंग और आवासीय सुविधा मिलने से अभ्यर्थियों को आर्थिक चिंता से राहत मिलेगी और वे अपना पूरा ध्यान SI मुख्य परीक्षा की तैयारी पर केंद्रित कर सकेंगे।
युवाओं के लिए नई उम्मीद
पुलिस भर्ती में पहले ही 31 युवाओं को सफलता दिला चुकी फोर्स एकेडमी मँझगवां अब SI मुख्य परीक्षा के अभ्यर्थियों को भी सफलता की राह दिखाने के लिए तैयार है।
डॉ. लाल उमेद सिंह की यह पहल केवल निःशुल्क कोचिंग उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज के सामने एक सकारात्मक संदेश भी प्रस्तुत करती है कि यदि सक्षम लोग प्रतिभाशाली युवाओं की मदद के लिए आगे आएं, तो आर्थिक अभाव उनके सपनों की राह में बाधा नहीं बन सकता।
ऐसे प्रयास युवाओं में आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें अपने लक्ष्य के प्रति और अधिक मेहनत करने के लिए प्रेरित कर सकते हैं। फोर्स एकेडमी मँझगवां की यह पहल आने वाले समय में आर्थिक रूप से कमजोर और प्रतिभाशाली युवाओं के लिए नई उम्मीद का माध्यम बन सकती है।








