इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं।

नई दिल्ली में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम के तहत भारत के पूर्व दिग्गज टेनिस खिलाड़ी लिएंडर पेस ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया है। इस कदम के साथ ही उन्होंने खेल जगत से राजनीति की ओर अपनी नई पारी की शुरुआत कर दी है। दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में पेस औपचारिक रूप से बीजेपी में शामिल हुए।
लिएंडर पेस का नाम भारतीय खेल इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। उन्होंने टेनिस में भारत को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाई है। ओलंपिक पदक विजेता और कई ग्रैंड स्लैम खिताब जीतने वाले पेस का राजनीतिक क्षेत्र में प्रवेश एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है। उनके इस फैसले को लेकर खेल और राजनीतिक दोनों ही हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
बीजेपी में शामिल होने के बाद लिएंडर पेस ने कहा कि वे देश की सेवा के लिए एक नए मंच पर आए हैं। उन्होंने कहा कि खेल के माध्यम से उन्होंने देश का प्रतिनिधित्व किया और अब राजनीति के जरिए समाज और राष्ट्र के विकास में योगदान देना चाहते हैं। पेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि देश में विकास और वैश्विक स्तर पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा ने उन्हें इस दिशा में कदम बढ़ाने के लिए प्रेरित किया।
पेस ने यह भी कहा कि उन्होंने अपने करियर में अनुशासन, समर्पण और मेहनत को प्राथमिकता दी है और यही मूल्य वे राजनीति में भी लेकर आएंगे। उन्होंने युवाओं को प्रेरित करने और खेलों को बढ़ावा देने के लिए काम करने की इच्छा भी जाहिर की। उनके मुताबिक, खेल और शिक्षा के क्षेत्र में अभी भी बहुत कुछ किया जाना बाकी है, और वे इस दिशा में सकारात्मक योगदान देना चाहते हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि बीजेपी द्वारा लिएंडर पेस जैसे लोकप्रिय और सम्मानित चेहरे को पार्टी में शामिल करना एक रणनीतिक कदम हो सकता है। इससे पार्टी को शहरी और युवा वर्ग में अपनी पकड़ मजबूत करने में मदद मिल सकती है। साथ ही, खेल जगत से जुड़े लोगों के बीच भी पार्टी की छवि को मजबूती मिल सकती है।
यह पहली बार नहीं है जब किसी बड़े खिलाड़ी ने राजनीति में कदम रखा हो। भारत में पहले भी कई खिलाड़ी राजनीति में सक्रिय भूमिका निभा चुके हैं और कुछ ने महत्वपूर्ण पदों पर भी कार्य किया है। ऐसे में पेस का यह कदम एक बड़े ट्रेंड का हिस्सा माना जा रहा है, जहां खेल और राजनीति के बीच की दूरी धीरे-धीरे कम हो रही है।
हालांकि, कुछ लोगों का मानना है कि खेल और राजनीति दो अलग-अलग क्षेत्र हैं और इनमें सफलता के लिए अलग-अलग कौशल की जरूरत होती है। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि पेस राजनीति में खुद को किस तरह स्थापित करते हैं और जनता के बीच अपनी पहचान कैसे बनाते हैं।
पेस के राजनीतिक करियर की शुरुआत ऐसे समय में हुई है जब देश में कई अहम राजनीतिक मुद्दे चर्चा में हैं। ऐसे में उनकी भूमिका और सक्रियता पर सबकी नजरें रहेंगी। क्या वे केवल एक प्रतीकात्मक चेहरा बनकर रहेंगे या जमीनी स्तर पर सक्रिय होकर बदलाव लाने की कोशिश करेंगे, यह आने वाला समय ही बताएगा।
बीजेपी के नेताओं ने भी पेस के पार्टी में शामिल होने का स्वागत किया है और उम्मीद जताई है कि उनके अनुभव और लोकप्रियता का लाभ पार्टी को मिलेगा। पार्टी का मानना है कि पेस जैसे व्यक्तित्व देश के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं और उनकी भागीदारी से संगठन को नई ऊर्जा मिलेगी।
कुल मिलाकर, लिएंडर पेस का बीजेपी में शामिल होना भारतीय राजनीति और खेल जगत के बीच एक महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में देखा जा रहा है। यह कदम न केवल उनके व्यक्तिगत करियर का नया अध्याय है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि आज के समय में विभिन्न क्षेत्रों के लोग राजनीति में आकर देश के विकास में योगदान देना चाहते हैं। आने वाले समय में उनकी राजनीतिक यात्रा किस दिशा में जाती है, इस पर सभी की नजरें बनी रहेंगी।








