• Create News
  • 6 एनवीएस-02 आज उड़ान भरेगा।

    इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं।

    भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के 100वें मिशन की उल्टी गिनती मंगलवार को शुरू हो गई। संचार उपग्रह को जीएसएलवी रॉकेट का उपयोग करके अंतरिक्ष में प्रक्षेपित किया जाएगा।

    श्रीहरिकोटा: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के 100वें मिशन की उल्टी गिनती मंगलवार को शुरू हो गई। संचार उपग्रह को जीएसएलवी रॉकेट का उपयोग करके अंतरिक्ष में प्रक्षेपित किया जाएगा। इसरो के अध्यक्ष बनने के बाद वी. नारायणन का यह पहला अभियान होगा।

    उपग्रह ‘एनवीएस-02‘ बुधवार (29 जनवरी) को सुबह 6.23 बजे अंतरिक्ष में प्रक्षेपित किया जाएगा। यह भारतीय क्षेत्रीय संचार उपग्रह श्रृंखला (नाविक) का दूसरा उपग्रह है। इस उपग्रह की बदौलत भारतीय उपमहाद्वीप के नागरिकों को सटीक स्थान, गति और समय की जानकारी मिलेगी। यह उपग्रह भारतीय सीमा से 1,500 किलोमीटर दूर तक सेवाएं प्रदान करने में सक्षम होगा। इस उपग्रह मिशन की उल्टी गिनती मंगलवार सुबह 2.53 बजे शुरू हुई।

    जीएसएलवी-एफ15 50.9 मीटर लंबा है और इसका उपयोग जीएसएलवी-एफ12 मिशन के बाद किया जाएगा। उपग्रह ‘एनवीएस-01‘ को ‘जीएसएलवी-एफ-12‘ से अंतरिक्ष में प्रक्षेपित किया गया। यह 29 मई 2023 को प्रक्षेपित होगा। नाविक में दूसरी पीढ़ी के पांच उपग्रह शामिल हैं।

    Related Posts

    नाशिक में APAAR ID रजिस्ट्रेशन में देरी, छात्रों के प्रवेश पर संकट

    इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं। बारावी उत्तीर्ण विद्यार्थियों के सामने महत्वपूर्ण प्रवेश परीक्षाओं से पहले ‘APAAR ID’ रजिस्ट्रेशन में हो रही देरी ने एक बड़ा…

    Continue reading
    छोटा मंगल, बड़ा प्रभाव: कैसे लाल ग्रह नियंत्रित करता है बर्फ़ युग के चक्र

    इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं। नई खोजों से पता चला है कि मंगल ग्रह, जो आकार में पृथ्वी का लगभग आधा और द्रव्यमान में एक‑दसवाँ…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *