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  • संघर्ष से सफलता तक: कमलेश ओटावकर और SEVA Facility Management की कहानी

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    मध्यमवर्गीय सोच, सामाजिक धारणाएं और सुरक्षित नौकरी की सीमाओं को तोड़कर जब कोई व्यक्ति अपने विश्वास के बल पर आगे बढ़ता है, तो वह केवल अपना नहीं बल्कि कई लोगों का भविष्य संवारता है। ऐसी ही प्रेरणादायी कहानी है कमलेश दीपक ओटावकर की, जिन्होंने संघर्ष, धैर्य और ईमानदारी के साथ ‘SEVA Facility Management & Services’ को एक भरोसेमंद ब्रांड में बदल दिया।

    40 वर्षीय कमलेश ओटावकर ठाणे के निवासी हैं और एक साधारण मराठी मध्यमवर्गीय परिवार से आते हैं। उनके परिवार में नौकरी को हमेशा व्यवसाय से अधिक सुरक्षित और सम्मानजनक माना जाता था। उनके पिता की एक स्पष्ट धारणा थी—
    “धंदा करना मराठी माणसाचं काम नाही”,
    अर्थात व्यवसाय मराठी लोगों के लिए नहीं होता। पिता की यह सोच उनके जीवन अनुभवों और उस दौर की सामाजिक मानसिकता से उपजी थी।

    कमलेश अपने पिता को दोष नहीं देते, लेकिन उनके भीतर हमेशा यह विश्वास रहा कि विकास कभी भी कम्फर्ट ज़ोन में नहीं होता। उन्होंने होटल मैनेजमेंट की पढ़ाई की, जहां उन्हें अनुशासन, ऑपरेशंस, कस्टमर सर्विस और मैनेजमेंट की बुनियादी समझ मिली। पढ़ाई के बाद उन्हें विदेश में काम करने का अवसर मिला। आर्थिक रूप से वह दौर बेहद अच्छा था—करीब ₹1 लाख प्रति माह की कमाई, आरामदायक जीवन और सुरक्षित भविष्य।

    लेकिन भीतर एक खालीपन था।

    उन्हें महसूस हुआ कि केवल पैसा, अगर दिल और उद्देश्य से जुड़ा न हो, तो संतुष्टि नहीं दे सकता। यही सोच उन्हें जीवन का सबसे कठिन फैसला लेने की ओर ले गई—भारत लौटने का निर्णय

    भारत लौटने के बाद हालात बिल्कुल बदल गए। जहां एक ओर विदेश में ₹1 लाख की आमदनी थी, वहीं यहां उन्होंने केवल ₹18,000 प्रति माह की सेल्स जॉब स्वीकार की। इस फैसले पर कई सवाल उठे, ताने मिले, यहां तक कि कुछ लोगों ने इसे मूर्खता भी कहा। आर्थिक, मानसिक और सामाजिक रूप से यह दौर बेहद चुनौतीपूर्ण था।

    लेकिन कमलेश का विश्वास अडिग था।

    वे मानते थे कि अगर एक सफल बिज़नेसमैन बनना है, तो सेल्स और मार्केटिंग में महारत हासिल करना जरूरी है। अगले 6 से 7 वर्षों तक उन्होंने सेल्स में काम किया। यही समय उनका असली विश्वविद्यालय बना।
    उन्होंने सीखा—
    • अस्वीकृति का सामना कैसे करें
    • ग्राहक को कैसे समझें
    • भरोसा कैसे बनाया जाए
    • दबाव में कैसे काम किया जाए

    हर “ना” ने उन्हें मजबूत बनाया, हर असफल डील ने उन्हें समझदार और हर छोटी जीत ने आत्मविश्वास दिया।

    धीरे-धीरे उन्होंने अपने व्यवसाय की नींव रखी। शुरुआत में SEVA Facility Management & Services बहुत छोटी थी। पहले चरण में वे क्लीनिंग मटीरियल और स्टेशनरी की सप्लाई करते थे। उस समय उनके पास केवल तीन क्लाइंट्स थे। कई बार उन्हें भी लगा कि शायद उनके पिता सही थे।

    लेकिन यहीं से कहानी ने मोड़ लिया।

    उन तीन क्लाइंट्स में से दो क्लाइंट्स ने उन्हें मैनपावर सर्विसेज़ की जिम्मेदारी सौंपी। वजह कंपनी का आकार नहीं, बल्कि ईमानदारी, प्रतिबद्धता और भरोसा था। कमलेश ने इस चुनौती को स्वीकार किया और पूरी निष्ठा से सेवा दी।

    यही वह टर्निंग पॉइंट था।

    आज SEVA Facility Management & Services लगातार और ऑर्गेनिक तरीके से आगे बढ़ रही है। कंपनी अब 40 से अधिक प्रतिष्ठित क्लाइंट्स को सेवाएं दे रही है और 300+ मैनपावर स्टाफ का प्रबंधन कर रही है। मल्टीपल फैसिलिटी मैनेजमेंट सर्विसेज़ के क्षेत्र में SEVA आज एक भरोसेमंद नाम बन चुकी है।

    इस पूरे सफर ने कमलेश ओटावकर को एक गहरा सबक सिखाया—
    “बड़े बिज़नेस बड़े नहीं शुरू होते, वे विश्वास, निरंतरता और साहस से शुरू होते हैं।”

    इस यात्रा में भुगतान में देरी, कर्मचारियों की जिम्मेदारी, तनावभरी रातें और बिना नींद के दिन भी आए। लेकिन हर संघर्ष ने उनके व्यक्तित्व को और मजबूत बनाया।

    आज वे अपने पिता की चिंता को भी समझते हैं और अपने विश्वास की ताकत को भी। उनके लिए बिज़नेस सिर्फ मुनाफा नहीं, बल्कि जिम्मेदारी, अवसर निर्माण और सेवा है। यही कारण है कि उनकी कंपनी का नाम SEVA है—
    क्योंकि उनका मानना है कि
    “ईमानदारी के साथ की गई सेवा ही स्थायी सफलता लाती है।”

    कमलेश ओटावकर की कहानी हर उस व्यक्ति के लिए प्रेरणा है जो मध्यमवर्गीय पृष्ठभूमि से आता है और सपने देखने का साहस रखता है।
    वे कहते हैं—
    आपका बैकग्राउंड आपका भविष्य तय नहीं करता, आपका माइंडसेट करता है।

    ₹1 लाख से ₹18,000 तक, तीन क्लाइंट्स से चालीस तक और संदेह से विश्वास तक—कमलेश ओटावकर की यह यात्रा आज भी जारी है और यही इसे और भी प्रेरणादायी बनाती है।

    सम्मान और पहचान

    कमलेश दीपक ओटावकर की इस शानदार उपलब्धि को “Maharashtra Business Icon 2025 / Maharashtra Style Icon 2025 / Maharashtra Fashion Icon 2025” जैसे प्रतिष्ठित पुरस्कारों के लिए चुना गया है। यह सम्मान Reseal.in और India Fashion Icon Magazine द्वारा उन उभरते उद्यमियों और रचनात्मक प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के लिए दिया जाता है, जिन्होंने अपने क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान दिया है।

    भव्य पुरस्कार समारोह

    इस पुरस्कार समारोह में कई प्रसिद्ध फिल्मी हस्तियाँ शामिल होंगी:
    वर्षा उसगांवकर – बॉलीवुड अभिनेत्री
    सोनाली कुलकर्णी – भारतीय अभिनेत्री
    प्रार्थना बेहेरे – भारतीय अभिनेत्री

    यह आयोजन श्री सुधीर कुमार पठाडे, Founder & CEO, Sure Me Multipurpose Pvt. Ltd. (Reseal.in) के नेतृत्व में आयोजित किया जाएगा, जो महाराष्ट्र के उद्यमियों और प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच देने के लिए कार्यरत हैं

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