राजस्थान की बेटी और राजस्थान पुलिस में कॉन्स्टेबल के पद पर कार्यरत देवांशी शर्मा ने अहमदाबाद में आयोजित प्रथम विश्व योगासन चैंपियनशिप 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए सीनियर-बी हैंड बैलेंस (इंडिविजुअल) वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर देश और प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने उन्हें हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देवांशी शर्मा की यह सफलता संकल्प, समर्पण, अनुशासन और आत्मविश्वास की प्रेरक मिसाल है। उन्होंने कहा कि एक पहलवान से योग साधिका और फिर माँ से विश्व विजेता बनने तक का उनका संघर्षपूर्ण सफर यह सिद्ध करता है कि दृढ़ इच्छाशक्ति और निरंतर परिश्रम से कोई भी लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है।
भजनलाल शर्मा ने कहा कि देवांशी शर्मा ने विश्व मंच पर तिरंगा लहराकर न केवल राजस्थान बल्कि पूरे देश को गौरवान्वित किया है। उनकी उपलब्धि युवाओं, महिलाओं और खेल जगत से जुड़े सभी लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के योग को वैश्विक पहचान दिलाने के प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि योग को विश्व स्तर पर लोकप्रिय बनाने और जन-जन तक पहुंचाने की दिशा में किए गए प्रयासों ने लाखों लोगों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाया है। देवांशी शर्मा की सफलता इसी परिवर्तनकारी सोच का जीवंत उदाहरण है।
उन्होंने कहा कि आज योग केवल भारत की प्राचीन परंपरा नहीं, बल्कि विश्वभर में स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन और जीवनशैली का महत्वपूर्ण माध्यम बन चुका है। भारतीय खिलाड़ियों की उपलब्धियां योग के प्रति बढ़ती वैश्विक स्वीकार्यता को भी दर्शाती हैं।
मुख्यमंत्री ने देवांशी शर्मा के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि वह आने वाले वर्षों में भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश का नाम रोशन करती रहेंगी।
देवांशी शर्मा की इस उपलब्धि से पूरे राजस्थान में खुशी का माहौल है और खेल तथा योग जगत से जुड़े लोगों ने भी उन्हें बधाई दी है। उनकी सफलता राज्य की युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा का नया अध्याय बनकर उभरी है।








