भारत A और श्रीलंका A के बीच खेले गए त्रिकोणीय सीरीज के मुकाबले में युवा बल्लेबाज़ वैभव सूर्यवंशी और श्रीलंका A के खिलाड़ी विशेन हलाम्बगे के बीच हुई तीखी नोकझोंक के बाद सोशल मीडिया पर BCCI द्वारा कार्रवाई किए जाने की चर्चाएं तेज हो गई थीं। हालांकि अब भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने इस पूरे मामले पर अपना आधिकारिक रुख स्पष्ट कर दिया है।
BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने साफ कहा कि इस तरह के मामलों में कार्रवाई करना बोर्ड का काम नहीं है। मैदान पर हुई किसी भी घटना पर फैसला लेने का अधिकार मैच रेफरी और अंपायरों के पास होता है।
BCCI ने कार्रवाई की खबरों को किया खारिज
देवजीत सैकिया ने कहा कि सोशल मीडिया पर BCCI द्वारा वैभव सूर्यवंशी के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है, ऐसी खबरें पूरी तरह अटकलों पर आधारित हैं।
उन्होंने कहा कि BCCI मैच रेफरी के अधिकार क्षेत्र में हस्तक्षेप नहीं करेगा। यदि मैदान पर कोई अनुशासनहीनता होती है तो उसके लिए निर्धारित प्रक्रिया मौजूद है और उसी के तहत निर्णय लिया जाता है।
क्या था पूरा विवाद?
भारत A और श्रीलंका A के बीच मुकाबला टाई होने के बाद सुपर ओवर खेला गया। इसी दौरान श्रीलंकाई खिलाड़ी विशेन हलाम्बगे द्वारा कथित तौर पर भारतीय बल्लेबाज़ों पर टिप्पणी किए जाने के बाद माहौल गर्म हो गया।
बहस के दौरान हलाम्बगे वैभव सूर्यवंशी के बेहद करीब आ गए, जिसके बाद भारतीय बल्लेबाज़ ने उन्हें पीछे धकेल दिया। दोनों खिलाड़ियों के बीच कुछ देर तक तीखी बहस देखने को मिली, जिसे बाद में खिलाड़ियों और अधिकारियों ने शांत कराया।
मैच रेफरी ने की जुर्माने की सिफारिश
रिपोर्ट्स के अनुसार मैच रेफरी प्रदीप जयप्रकाश ने इस घटना के बाद दोनों खिलाड़ियों पर उनकी मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना लगाने की सिफारिश की है।
इसके अलावा भारत A के कप्तान तिलक वर्मा पर भी अंपायरों से लंबी बहस करने के कारण 30 प्रतिशत मैच फीस जुर्माने की सिफारिश किए जाने की जानकारी सामने आई है।
हालांकि A टीम के मुकाबले ICC के अधिकार क्षेत्र में नहीं आते, इसलिए मैच रेफरी की सिफारिश संबंधित क्रिकेट बोर्डों—BCCI और श्रीलंका क्रिकेट—को भेजी गई है। अंतिम फैसला दोनों बोर्ड अपने-अपने स्तर पर लेंगे।
श्रीलंकाई खिलाड़ियों पर भी हुई कार्रवाई
रिपोर्ट्स के मुताबिक, श्रीलंका A के खिलाड़ी विशेन हलाम्बगे को भारतीय बल्लेबाज़ों पर भड़काऊ टिप्पणी करने के लिए दंडित किए जाने की सिफारिश की गई है।
वहीं अनुभवी विकेटकीपर निरोशन डिकवेला पर भी अत्यधिक अपील करने के कारण कार्रवाई की गई है। हालांकि उन पर लगाए गए दंड की आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
BCCI का संदेश
देवजीत सैकिया ने दोहराया कि मैदान पर अनुशासन बनाए रखने की जिम्मेदारी मैच अधिकारियों की होती है और BCCI उस प्रक्रिया का सम्मान करता है।
उन्होंने कहा कि यदि कोई घटना खेल के दौरान होती है तो उसका आकलन मैच रेफरी और अंपायर करते हैं। बोर्ड का उद्देश्य उनकी भूमिका में हस्तक्षेप करना नहीं, बल्कि स्थापित नियमों का पालन सुनिश्चित करना है।








