सीरिया की राजधानी दमिश्क में मंगलवार को हुए दो भीषण विस्फोटों ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी। शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, ये धमाके उस होटल के बाहर हुए जहां फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों अपने आधिकारिक दौरे के दौरान ठहरे हुए थे। घटना में कम से कम 6 लोगों की मौत हो गई, जबकि करीब 20 लोग घायल बताए जा रहे हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, राष्ट्रपति मैक्रों सीरिया के राष्ट्रपति अहमद अल-शरा (जैसा कि रिपोर्टों में उल्लेखित है) के निमंत्रण पर दमिश्क पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि जब मैक्रों होटल से आधिकारिक बैठक के लिए निकल रहे थे, तभी होटल के बाहर लगातार दो विस्फोट हुए। हालांकि, फ्रांस के राष्ट्रपति इस घटना में सुरक्षित बताए जा रहे हैं।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, धमाकों में मैक्रों की सुरक्षा में तैनात कुछ सुरक्षाकर्मियों के भी हताहत होने की आशंका जताई गई है। वहीं, घायलों में सीरिया के पर्यटन मंत्री के भी शामिल होने की खबरें सामने आई हैं। हालांकि, इन जानकारियों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, विस्फोट एक कार बम के जरिए किए गए। बताया जा रहा है कि एक लाल रंग की कार होटल के बाहर खड़ी की गई थी, जिसके बाद उसमें विस्फोट हुआ। धमाका इतना शक्तिशाली था कि आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई और सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे क्षेत्र को घेर लिया।
घटना के बाद सीरियाई सुरक्षा बलों और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। विस्फोट के कारणों और इसके पीछे जिम्मेदार लोगों की पहचान करने के लिए जांच एजेंसियां घटनास्थल से सबूत जुटा रही हैं।
रिपोर्ट्स के अनुसार, राष्ट्रपति मैक्रों ने विस्फोट के बावजूद अपना निर्धारित कार्यक्रम जारी रखा और सीरिया के राष्ट्रपति से मुलाकात की। हालांकि, इस घटना को लेकर फ्रांस के राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था।
यह भी उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति मैक्रों, सीरिया में वर्तमान प्रशासन के गठन के बाद दौरा करने वाले यूरोपीय संघ के पहले प्रमुख नेता बताए जा रहे हैं। ऐसे में इस यात्रा को कूटनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा था।
नोट: इस खबर में दी गई कुछ जानकारियां प्रारंभिक मीडिया रिपोर्टों पर आधारित हैं। मृतकों की संख्या, घायलों की स्थिति, हमले की प्रकृति और अन्य दावों की आधिकारिक पुष्टि संबंधित सरकारी एजेंसियों की जांच और आधिकारिक बयान के बाद ही स्पष्ट होगी।








