दिल्ली में लगातार बढ़ते प्रदूषण स्तर ने एक बार फिर खेल गतिविधियों को प्रभावित कर दिया है। राष्ट्रीय राजधानी में एयर क्वालिटी इंडेक्स के ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुंचने के बाद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने पुरुषों का अंडर-23 वनडे टूर्नामेंट दिल्ली से हटाकर मुंबई शिफ्ट कर दिया है। यह टूर्नामेंट 25 नवंबर से 1 दिसंबर तक दिल्ली में होना था, लेकिन हालात बिगड़ने के बाद BCCI ने आयोजन की जिम्मेदारी मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन को सौंप दी है। बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया कि मौजूदा परिस्थितियों में दिल्ली में क्रिकेट खेलना खिलाड़ियों के स्वास्थ्य के लिए सुरक्षित नहीं है।
दिल्ली में प्रदूषण का स्तर पिछले कुछ दिनों में तेजी से बढ़ा है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों के मुताबिक, गुरुवार को AQI 400 के पार पहुंच गया, जिसके बाद इसे ‘गंभीर’ कैटेगरी में दर्ज किया गया है। मौसम विभाग और भू-विज्ञान मंत्रालय के पूर्वानुमान के अनुसार अगले कुछ दिनों में भी सुधार के कोई संकेत नहीं हैं, बल्कि प्रदूषण ‘बेहद खराब’ से ‘गंभीर’ स्थिति में बना रह सकता है।
क्रिकेट प्रेमियों को यह हालात आठ साल पुराने उस मैच की याद दिला रहे हैं, जब 2017 में भारत और श्रीलंका के बीच दिल्ली में खेले गए टेस्ट मैच के दौरान कई खिलाड़ियों को मैदान पर मास्क पहनकर उतरना पड़ा था। उस समय खिलाड़ियों को लगातार सांस लेने में दिक्कत हो रही थी और मैच को कुछ समय के लिए रोकना भी पड़ा था। अब एक बार फिर से वही स्थिति लौटती दिख रही है, जहां प्रदूषण ने क्रिकेट को सीधे प्रभावित किया है।
खिलाड़ियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए BCCI का यह कदम प्रदूषण की गंभीरता को दर्शाता है। विशेषज्ञों के मुताबिक अगर हालात में जल्द सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले महीनों में दिल्ली में खेल आयोजनों पर और भी असर पड़ सकता है। राजधानी में प्रदूषण का यह बढ़ता स्तर न सिर्फ आम लोगों बल्कि खेल जगत के लिए भी चिंता का विषय बन चुका है।








