महाराष्ट्र सरकार ने आम लोगों की सेहत को ध्यान में रखते हुए नकली ‘एनालॉग पनीर’ (Analogue Paneer) के उत्पादन, वितरण, बिक्री और उपयोग पर एक वर्ष के लिए पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। राज्य के खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) आयुक्त तुकाराम मुंढे द्वारा 30 जुलाई 2026 को जारी राजपत्र (Gazette) आदेश के अनुसार यह प्रतिबंध तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है।
गुणवत्ता जांच में सामने आई बड़ी गड़बड़ी
राज्य में हाल ही में पनीर के विभिन्न नमूनों की जांच की गई, जिसमें 35 प्रतिशत से अधिक नमूने गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे। जांच में पाया गया कि कई उत्पादों में दूध की जगह वनस्पति वसा (Vegetable Fat) का इस्तेमाल कर नकली या एनालॉग पनीर तैयार किया जा रहा था।
इसी रिपोर्ट के आधार पर सरकार ने यह बड़ा फैसला लिया है।
होटल, रेस्तरां और क्लाउड किचन पर भी रोक
सरकारी आदेश के अनुसार अब राज्य के सभी होटल, रेस्तरां, कैटरिंग सेवाएं और क्लाउड किचन एनालॉग पनीर का उपयोग, भंडारण, तैयारी या ग्राहकों को परोस नहीं सकेंगे।
जांच में यह भी सामने आया कि कई खाद्य प्रतिष्ठान बिना किसी जानकारी के ग्राहकों को असली पनीर की जगह सस्ता एनालॉग पनीर परोस रहे थे।
नियम तोड़ने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई
सरकार ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंध का उल्लंघन करने वाले किसी भी खाद्य व्यवसाय संचालक के खिलाफ फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कार्रवाई में शामिल हो सकते हैं:
- नकली पनीर का तत्काल जब्त किया जाना
- स्टॉक को नष्ट करना
- भारी आर्थिक जुर्माना
- कानूनी कार्रवाई
FSSAI के नियमों का करना होगा पालन
सरकार ने यह भी निर्देश दिया है कि असली पनीर का उत्पादन करने वाले सभी निर्माता FSSAI के पैकेजिंग और लेबलिंग नियमों का सख्ती से पालन करें। उत्पाद पर दूध की वसा (Milk Fat) की सही मात्रा और श्रेणी स्पष्ट रूप से लिखना अनिवार्य होगा।
खाद्य सुरक्षा को लेकर सरकार का बड़ा कदम
ऑल इंडिया फूड एंड ड्रग लाइसेंस होल्डर फाउंडेशन के अध्यक्ष अभय पांडेय ने इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि लंबे समय से एनालॉग पनीर पर चर्चा चल रही थी और अब महाराष्ट्र सरकार ने उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए बड़ा निर्णय लिया है।
उन्होंने कहा कि खाद्य सुरक्षा आयुक्त तुकाराम मुंढे के कार्यभार संभालने के बाद इस मुद्दे पर गंभीरता से कार्रवाई की गई और अब इसका आधिकारिक आदेश जारी कर दिया गया है।







