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भारतीय क्रिकेट के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज रिशभ पंत (Rishabh Pant) की टेस्ट टीम में वापसी का सफर एक बार फिर चुनौतीपूर्ण मोड़ पर है।
बेंगलुरु में खेले जा रहे भारत ‘ए’ और दक्षिण अफ्रीका ‘ए’ के दूसरे अनौपचारिक टेस्ट मैच में पंत को सिर, कलाई और पेट पर कई चोटें लगीं, जिसके बाद उन्हें मैदान छोड़ना पड़ा।
यह घटना ऐसे समय हुई जब BCCI ने उन्हें आगामी दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज़ के लिए उप-कप्तान और मुख्य विकेटकीपर के रूप में नामित किया है। इस सीरीज़ का पहला टेस्ट 14 नवंबर से कोलकाता के ईडन गार्डन्स में शुरू होगा।
भारत ‘ए’ टीम अपनी दूसरी पारी में 78/3 के स्कोर पर संघर्ष कर रही थी, जब पंत बल्लेबाजी के लिए आए। शुरुआत में उन्होंने टीम को स्थिरता देने का प्रयास किया, लेकिन दक्षिण अफ्रीका ‘ए’ के गेंदबाजों की तेज गेंदों और शॉर्ट-पिच अटैक ने उन्हें परेशान किया।
पहली चोट तब लगी जब पंत ने आक्रामक शॉट खेलते समय हेलमेट पर गेंद मारी। फिजियो तुरंत मैदान पर आए और प्रारंभिक जांच की गई। थोड़ी देर बाद, उन्होंने रक्षा करते हुए अंदर एज की गेंद को बाईं कलाई पर लगी और वहां से टकराकर थाई पैड में जा लगी। फिजियो ने तुरंत पट्टी बांधी, लेकिन पंत के लिए खेलना मुश्किल हो गया।
कुछ मिनटों के बाद, एक और डिलीवरी उनके मिडरिफ (पेट) पर लगी। दर्द बढ़ने पर उन्हें खेल से बाहर जाने के लिए मजबूर होना पड़ा। उस समय भारत ‘ए’ का स्कोर 108/4 था और उन्हें ध्रुव जुरेल ने रिप्लेस किया।
पंत को लंबे समय तक रिकवरी और रिहैब के बाद भारतीय टीम में शामिल किया गया था। उनकी फिटनेस और तैयारी को लेकर यह सवाल उठता है कि क्या वह आगामी टेस्ट सीरीज़ में खेलने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
हाल ही में BCCI ने उन्हें उप-कप्तान और मुख्य विकेटकीपर घोषित किया था। टेस्ट क्रिकेट की चुनौतियों को देखते हुए, उनकी चोट और फॉर्म पर चिंता स्वाभाविक है।
भारत ‘ए’ की कप्तानी पंत को उनकी लीडरशिप और अनुभव के आधार पर दी गई थी। विकेटकीपिंग और आक्रामक बल्लेबाजी दोनों में उनकी विशेषज्ञता टीम के लिए अहम थी।
दक्षिण अफ्रीका ‘ए’ के खिलाफ मैच में कई चोटें उनके लिए एक चेतावनी हैं कि उन्हें जल्दबाजी में टेस्ट टीम में शामिल नहीं किया जाना चाहिए।
कोलकाता टेस्ट 14 नवंबर से शुरू होने वाला है। यदि पंत की चोट गंभीर निकली तो उन्हें टेस्ट से आराम दिया जा सकता है। टीम के पास ध्रुव जुरेल और केएस भरत जैसे विकल्प मौजूद हैं, लेकिन पंत का अनुभव और आक्रामक शैली उन्हें अलग बनाती है।
BCCI और टीम मैनेजमेंट उनकी चोट का मूल्यांकन कर रही है। अगले 48 घंटे में फिटनेस रिपोर्ट आने की संभावना है।
रिशभ पंत का टेस्ट क्रिकेट में वापसी अभियान उनके करियर का अहम हिस्सा है। उनकी विकेटकीपिंग और बल्लेबाजी भारतीय टीम के लिए महत्वपूर्ण है।
हालांकि, चोट और फिटनेस समस्याओं ने उनकी वापसी को चुनौतीपूर्ण बना दिया है। टीम प्रबंधन और चयनकर्ता इस बात का मूल्यांकन कर रहे हैं कि पंत की फिटनेस किस हद तक टेस्ट मैचों के लिए पर्याप्त है।
रिशभ पंत भारतीय क्रिकेट के स्टार खिलाड़ी हैं। उनकी मैदान पर उपस्थिति से टीम को ऊर्जा और आत्मविश्वास मिलता है।
दक्षिण अफ्रीका ‘ए’ के खिलाफ चोट ने उनकी टेस्ट वापसी पर अनिश्चितता बढ़ा दी है।
टीम मैनेजमेंट उनकी रिकवरी पर नजर रख रही है। अगर सब कुछ ठीक रहा, तो पंत जल्द ही भारतीय टेस्ट टीम में वापसी कर सकते हैं।








