इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं।

आज के समय में प्रीस्कूल शिक्षा तेज़ी से एक व्यावसायिक ढाँचे में बदलती जा रही है, जहाँ मुनाफ़ा प्राथमिक उद्देश्य बनता दिखता है। ऐसे दौर में “विंकल ट्विंकल प्रीस्कूल” ने एक अलग और मूल्य-आधारित राह चुनी है। यह संस्थान शिक्षा को केवल व्यवसाय न मानकर, बच्चों के सर्वांगीण विकास की जिम्मेदारी के रूप में देखता है।
स्पष्ट दृष्टि के साथ हुई शुरुआत
विंकल ट्विंकल प्रीस्कूल की स्थापना के समय व्यवसाय की संकल्पना, प्रबंधन, योजना और गुणवत्ता जैसे पहलुओं का गंभीर अध्ययन अवश्य किया गया, लेकिन उद्देश्य कभी भी केवल लाभ कमाना नहीं रहा। संस्थान की नींव इस सोच पर रखी गई कि बच्चों का सर्वांगीण विकास ही शिक्षा का केंद्रबिंदु होना चाहिए।
15 वर्षों का अनुभव और बाल मनोविज्ञान की गहरी समझ
इस प्रीस्कूल की संस्थापक सौ. अश्विनी राणे-आजगेकर को बाल शिक्षा क्षेत्र में 15 वर्षों से अधिक का समृद्ध अनुभव प्राप्त है। साथ ही उन्हें बाल मनोविज्ञान का गहन ज्ञान भी है। यही कारण है कि बच्चों को समझने और उनके साथ काम करने का उनका दृष्टिकोण अत्यंत संवेदनशील, वैज्ञानिक और व्यवहारिक है।
अक्षर ज्ञान से आगे जीवन कौशल की तैयारी 
विंकल ट्विंकल में शिक्षा केवल अक्षर पहचान या पाठ याद कराने तक सीमित नहीं है। यहाँ यह मान्यता है कि बचपन ही वह अवस्था है, जहाँ बच्चे की विचारशक्ति, भावनात्मक संतुलन, सामाजिक समझ और आत्मविश्वास की नींव रखी जाती है। इसी दृष्टिकोण के अनुसार हर गतिविधि और शिक्षण पद्धति तैयार की जाती है।
हर बच्चा अलग, हर सीखने की गति अलग
अश्विनी राणे-आजगेकर का मानना है कि हर बच्चा विशिष्ट होता है और उसकी सीखने की गति भी अलग-अलग होती है। उनके बाल मनोविज्ञान के ज्ञान के कारण प्रत्येक बच्चे की मानसिक ज़रूरतों को पहचानकर उसी अनुरूप शिक्षण पद्धति अपनाई जाती है। इससे बच्चों पर दबाव नहीं पड़ता और वे सीखने की प्रक्रिया को सहजता से अपनाते हैं।
अनुभवात्मक शिक्षा और संस्कारों का संतुलन
अनुभव आधारित शिक्षा, संवाद कौशल का विकास, नैतिक मूल्य और संस्कार—इन सभी का संतुलित समावेश विंकल ट्विंकल प्रीस्कूल की पहचान बन चुका है। यहाँ शिक्षा का उद्देश्य केवल पढ़ाना नहीं, बल्कि व्यक्तित्व निर्माण करना है।
नफ़े से पहले मूल्यों को प्राथमिकता
आज पीछे मुड़कर देखने पर यह स्पष्ट होता है कि विंकल ट्विंकल की यह यात्रा केवल एक शैक्षणिक व्यवसाय की नहीं, बल्कि बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए निभाई गई सामाजिक जिम्मेदारी की कहानी है। नफ़े से अधिक मूल्यों को महत्व देते हुए, शिक्षा के माध्यम से समाज निर्माण में योगदान देना—यही इस संस्थान का मूल उद्देश्य है।
सिर्फ टैगलाइन नहीं, वास्तविक अनुभव
“Redefining Preschool Experience” केवल एक वाक्य नहीं, बल्कि हर बच्चे की मुस्कान, आत्मविश्वास और निरंतर प्रगति में दिखाई देने वाला वास्तविक अनुभव है, जिसे माता-पिता प्रतिदिन महसूस करते हैं।
उनकी लगन और उपलब्धियों को सम्मान देते हुए, अश्विनी राणे-आजगेकर का चयन
“Maharashtra Business Icon 2025 / Maharashtra Style Icon 2025 / Maharashtra Fashion Icon 2025”
पुरस्कारों के लिए किया गया है।
यह सम्मान Reseal.in एवं India Fashion Icon Magazine द्वारा महाराष्ट्र के उभरते उद्यमियों और रचनात्मक प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने हेतु प्रदान किया जा रहा है। यह चयन न केवल उनके लिए, बल्कि पूरे लातूर क्षेत्र के लिए गर्व का विषय है।
इस भव्य पुरस्कार समारोह की शोभा बढ़ाएंगी —
⭐ वर्षा उसगांवकर – बॉलीवुड अभिनेत्री
⭐ सोनाली कुलकर्णी – भारतीय अभिनेत्री
⭐ प्रार्थना बेहेरे – भारतीय अभिनेत्री
इस आयोजन का नेतृत्व कर रहे हैं —
श्री सुधीर कुमार पठाडे
Founder & CEO, Sure Me Multipurpose Pvt. Ltd. (Reseal.in)
जो महाराष्ट्र के उभरते उद्यमियों और प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच प्रदान करने के लिए निरंतर कार्यरत हैं।








