महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम होने की चर्चाएं तेज हैं। अटकलें लगाई जा रही हैं कि शरद पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) में शामिल हो सकती है। हालांकि इस पर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
इन चर्चाओं के बीच राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजित पवार गुट) के प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इस विषय पर अंतिम निर्णय शरद पवार ही लेंगे।
तटकरे ने कहा, “शरद पवार ने अपने छह दशक लंबे राजनीतिक जीवन में देश की राजनीति में अलग पहचान बनाई है। उनके अनुभव, राजनीतिक इच्छाशक्ति और विकासोन्मुख नेतृत्व को देखते हुए मुझे विश्वास है कि वे उचित निर्णय लेंगे।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें इस संबंध में किसी औपचारिक बातचीत की जानकारी नहीं है, लेकिन यदि भविष्य में कोई फैसला लिया जाता है तो वह शरद पवार का ही होगा।
दरअसल, हाल के दिनों में ऐसी खबरें सामने आई हैं कि शरद पवार की पार्टी के कुछ नेताओं के बीच सत्ता पक्ष में शामिल होने को लेकर अलग-अलग राय है। एक वर्ग सत्ता में शामिल होने के पक्ष में माना जा रहा है, जबकि दूसरा विपक्ष में बने रहने का समर्थन कर रहा है।
राजनीतिक गलियारों में उस मुलाकात की भी चर्चा है, जिसमें राष्ट्रवादी कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयंत पाटिल और भाजपा नेता विनोद तावड़े की मुंबई के एक होटल में बैठक हुई थी। हालांकि दोनों नेताओं ने इस मुलाकात के एजेंडे पर सार्वजनिक रूप से कोई विस्तृत टिप्पणी नहीं की है।
सूत्रों के अनुसार, शरद पवार ने पार्टी के सांसदों और विधायकों की राय जानने की जिम्मेदारी एक वरिष्ठ नेता को सौंपी है। वहीं, भाजपा नेतृत्व से संभावित बातचीत के लिए भी अलग स्तर पर संवाद की चर्चा है। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
वर्तमान में शरद पवार के नेतृत्व वाली पार्टी के पास महाराष्ट्र विधानसभा में 10 विधायक और लोकसभा में 8 सांसद हैं। ऐसे में यदि भविष्य में किसी राजनीतिक समीकरण में बदलाव होता है तो उसका असर राज्य और राष्ट्रीय राजनीति दोनों पर पड़ सकता है।
इस बीच, हाल ही में उद्धव ठाकरे की शिवसेना छोड़कर एकनाथ शिंदे गुट में शामिल हुए विधायक और विधान परिषद के उपसभापति सचिन अहिर ने भी शरद पवार से मुलाकात कर उनका आशीर्वाद लिया। माना जाता है कि सचिन अहिर के राजनीतिक जीवन की शुरुआत और उनकी प्रमुख जिम्मेदारियों में शरद पवार की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
फिलहाल शरद पवार के NDA में शामिल होने को लेकर केवल राजनीतिक चर्चाएं और अटकलें जारी हैं। इस विषय पर अंतिम स्थिति आने वाले दिनों में ही स्पष्ट हो सकेगी।








