राजेश चौधरी | हनुमानगढ़ | समाचार वाणी न्यूज़
हनुमानगढ़ जिले के भादरा कस्बे के प्रतिष्ठित समाजसेवी, शिक्षाप्रेमी एवं राजस्थान पुस्तक भंडार के संचालक श्री सुरेश जी सहारण को शिक्षा एवं सामाजिक विकास के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए जिला स्तरीय समारोह में सम्मानित किया गया। इस सम्मान के बाद पूरे क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है तथा सामाजिक संगठनों, शिक्षकों और क्षेत्रवासियों ने उन्हें शुभकामनाएं दी हैं।
श्री सुरेश सहारण लंबे समय से शिक्षा के विकास और सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। उन्होंने विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है। विशेष रूप से विद्यालय में कक्ष निर्माण सहित कई विकास कार्यों में उनका सहयोग सराहनीय रहा है, जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध हो सका है।
इन्हीं जनहित एवं शिक्षा हितैषी कार्यों को देखते हुए उन्हें जिला स्तरीय सम्मान समारोह में सम्मानित किया गया।
कलेक्टर और भाजपा जिलाध्यक्ष ने किया सम्मानित
सम्मान समारोह में हनुमानगढ़ जिला कलेक्टर डॉ. खुशाल यादव तथा भाजपा जिला अध्यक्ष श्री प्रमोद डेलू विशेष रूप से उपस्थित रहे। उनके साथ अन्य गणमान्य अतिथियों ने भी समारोह की गरिमा बढ़ाई।
इस अवसर पर श्री सुरेश सहारण का साफा पहनाकर, दुपट्टा ओढ़ाकर तथा स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मान किया गया। मंच से वक्ताओं ने उनके शिक्षा एवं समाजसेवा के प्रति समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि समाज में ऐसे भामाशाहों की भूमिका नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत होती है।
शिक्षा के क्षेत्र में दिया महत्वपूर्ण योगदान
श्री सुरेश सहारण ने केवल आर्थिक सहयोग तक ही स्वयं को सीमित नहीं रखा, बल्कि विद्यालयों में आवश्यक सुविधाओं के विकास के लिए भी लगातार योगदान दिया है। विद्यालय में कक्ष निर्माण जैसे कार्यों से विद्यार्थियों को बेहतर अध्ययन वातावरण उपलब्ध हुआ है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि उनके सहयोग से कई ऐसे कार्य संभव हो सके हैं, जिनसे शिक्षा व्यवस्था को मजबूती मिली है। समाज और शिक्षा के प्रति उनकी सकारात्मक सोच उन्हें क्षेत्र के प्रमुख भामाशाहों में शामिल करती है।
समाजसेवा के प्रति समर्पण बना पहचान
सुरेश सहारण शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक गतिविधियों में भी लगातार सक्रिय रहते हैं। वे समय-समय पर जरूरतमंदों की सहायता, सामाजिक कार्यक्रमों और जनकल्याण से जुड़े कार्यों में अपना योगदान देते रहे हैं।
उनकी सेवाभावना और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना के कारण उन्हें क्षेत्र में विशेष सम्मान प्राप्त है। यही कारण है कि जिला स्तर पर मिला यह सम्मान पूरे भादरा क्षेत्र के लिए गर्व का विषय माना जा रहा है।
क्षेत्रवासियों ने दी शुभकामनाएं
जिला स्तर पर सम्मानित होने की सूचना मिलते ही क्षेत्र में खुशी का माहौल बन गया। विद्यालय परिवार, शिक्षकों, सामाजिक संगठनों, व्यापारिक समुदाय तथा क्षेत्रवासियों ने श्री सुरेश सहारण को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
लोगों ने कहा कि उनका यह सम्मान समाज के अन्य लोगों को भी शिक्षा और सामाजिक विकास के कार्यों में आगे आने के लिए प्रेरित करेगा।
भामाशाहों की भूमिका समाज निर्माण में महत्वपूर्ण
राजस्थान की भामाशाह परंपरा सदियों से समाज और शिक्षा के विकास की आधारशिला रही है। ऐसे समाजसेवी अपने संसाधनों का उपयोग जनहित और शिक्षा के विस्तार के लिए करते हैं। श्री सुरेश सहारण भी इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर योगदान दे रहे हैं।
जिला स्तर पर मिला यह सम्मान उनके सेवा कार्यों की सार्वजनिक सराहना ही नहीं, बल्कि समाज के प्रति उनके समर्पण का सम्मान भी है। उनके कार्य निश्चित रूप से आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेंगे।








