• Create News
  • ▶ Play Radio
  • भारत-EU रिश्ते का नया युग: व्यापार, सुरक्षा और साझेदारी

    इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं।

    27 जनवरी को नई दिल्ली में होने वाले 16वें भारत-यूरोपीय संघ (EU) शिखर सम्मेलन से पहले यूरोपीय संघ ने एक अहम बयान दिया है। संघ की विदेश मामलों और सुरक्षा नीति प्रमुख काजा कल्लास ने कहा कि वैश्विक संघर्ष और आर्थिक विभाजन के बीच भारत अब यूरोप की आर्थिक मजबूती के लिए एक अनिवार्य भागीदार बनता जा रहा है

    उच्च-स्तरीय दौरा और शिखर सम्मेलन की तैयारी

    ईयू के शीर्ष नेतृत्व — जिसमें यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन भी शामिल हैं — आगामी सप्ताह में गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भारत का दौरा करेंगे और फिर शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे।

    कल्लास ने यूरोपीय संसद में संबोधन करते हुए कहा कि इस अवधि को “एक निर्णायक क्षण” के रूप में देखा जा रहा है, जब दोनों लोकतांत्रिक शक्तियाँ मिलकर व्यापार, सुरक्षा और तकनीक में गहरी साझेदारी स्थापित करेंगी।

    तीन प्रमुख साझेदारियों पर ध्यान

    शिखर सम्मेलन के एजेंडे में खास तौर पर तीन बड़े विषय शामिल हैं:

    1. मुक्त व्यापार समझौता (FTA)

    भारत और यूरोपीय संघ के बीच लंबे समय से चली आ रही मुक्त व्यापार बातचीत को अंतिम रूप देने का प्रयास जारी है। यह समझौता भारत और EU के बीच वस्तुओं और सेवाओं के व्यापार को बढ़ावा देगा और सप्लाई चेन को और मजबूत करेगा।

    2. सुरक्षा और रक्षा साझेदारी

    कल्लास ने बताया है कि दोनों पक्ष नया सुरक्षा और रक्षा साझेदारी समझौता साइन करने जा रहे हैं, जिसमें समुद्री सुरक्षा, साइबर सुरक्षा और आतंकवाद विरोधी सहयोग जैसे क्षेत्र शामिल होंगे।

    3. मोबिलिटी और शोध सहयोग

    दोनों राष्ट्र छात्रों, पेशेवरों और शोधकर्ताओं के लिए आंदोलन को सुगम बनाने के लिए समझौता ज्ञापन (MoU) पर सहमत होने की दिशा में काम कर रहे हैं। इससे नवाचार और शोध के क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा मिलेगा।

    भारत-EU साझेदारी: आर्थिक और वैश्विक परिप्रेक्ष्य

    कल्लास ने कहा कि EU पहले से ही भारत का एक प्रमुख व्यापारिक भागीदार है, और भारत अब यूरोप की आर्थिक लचीलेपन का मुख्य आधार बनता जा रहा है। दोनों पक्ष स्वच्छ ऊर्जा, हरित हाइड्रोजन, और टिकाऊ विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में साझेदारी को और गहरा करना चाहते हैं।

    दुनिया में बदलते संबंधों का प्रभाव

    यह साझेदारी सिर्फ व्यापार तक सीमित नहीं है — दोनों देश मिलकर वैश्विक सुरक्षा, नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था और बहुपक्षीय प्रणाली को मजबूत करने का लक्ष्य भी रखते हैं।

  • Related Posts

    स्पेस और ऊर्जा के माध्यम से जीवन में बदलाव लाने वाले विशेषज्ञ: Rahul Ramesh Parse ने Vastu Prabhaa के जरिए बनाई एक विशिष्ट पहचान

    इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं। आज के दौर में जहां लोग जीवन में संतुलन, समृद्धि, मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा की तलाश में रहते हैं,…

    Continue reading
    मुख्यमंत्री आवास पहुंची BJYM की साइकिल यात्रा: शंकर गोरा के नेतृत्व में युवाओं ने जताया आभार, CM भजनलाल शर्मा ने सुनी ‘मन की बात’

    इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं। राजेश चौधरी | जयपुर | समाचार वाणी न्यूज़ भारतीय जनता युवा मोर्चा (BJYM) के प्रदेश अध्यक्ष शंकर गोरा के नेतृत्व…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *