इस खबर को सुनने के लिये प्ले बटन को दबाएं।

राजेश चौधरी | हनुमानगढ़ | समाचार वाणी न्यूज़
तहसील भादरा, जिला हनुमानगढ़ की होनहार छात्रा तालिबा ने कक्षा 12वीं की परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए 95 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रथम श्रेणी में सफलता हासिल की है। उनकी इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है। तालिबा, HSD फाउंडेशन के चेयरमैन मो. इस्लाम कुरैशी की सुपुत्री हैं और उन्होंने अपनी मेहनत, अनुशासन और लगन के दम पर यह मुकाम हासिल किया है।
तालिबा वर्तमान में शांति निकेतन पब्लिक स्कूल, भादरा की छात्रा हैं। स्कूल द्वारा घोषित परीक्षा परिणाम में उन्होंने उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर न केवल अपने परिवार का बल्कि विद्यालय और जिले का नाम भी रोशन किया है। उनकी सफलता के बाद परिजनों, शिक्षकों, मित्रों और क्षेत्रवासियों ने उन्हें बधाइयों का तांता लगा दिया।
बताया जा रहा है कि तालिबा शुरू से ही पढ़ाई में मेधावी रही हैं। उन्होंने नियमित अध्ययन, समय प्रबंधन और शिक्षकों के मार्गदर्शन के साथ अपनी तैयारी की। परीक्षा के दौरान उन्होंने सोशल मीडिया और अन्य व्यर्थ गतिविधियों से दूरी बनाकर पूरी एकाग्रता के साथ पढ़ाई की, जिसका परिणाम आज सबके सामने है।
तालिबा की इस उपलब्धि पर उनके पिता मो. इस्लाम कुरैशी ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि बेटियां अगर सही मार्गदर्शन और अवसर पाएँ तो हर क्षेत्र में नया इतिहास रच सकती हैं। उन्होंने कहा कि तालिबा की मेहनत और समर्पण ने पूरे परिवार को गौरवान्वित किया है।
वहीं, शांति निकेतन पब्लिक स्कूल के प्रबंधन और शिक्षकों ने भी तालिबा की सफलता पर प्रसन्नता जताई। विद्यालय प्रशासन ने कहा कि यह उपलब्धि अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगी। स्कूल के शिक्षकों ने बताया कि तालिबा हमेशा अनुशासित और पढ़ाई के प्रति गंभीर छात्रा रही हैं।
क्षेत्र के सामाजिक संगठनों, शिक्षाविदों और गणमान्य लोगों ने भी तालिबा को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं। लोगों का कहना है कि आज के दौर में बेटियां हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा साबित कर रही हैं और तालिबा की यह सफलता भी उसी का एक उदाहरण है।
भादरा क्षेत्र में तालिबा की इस उपलब्धि को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। कई लोगों ने इसे जिले के लिए गर्व का क्षण बताया। सोशल मीडिया पर भी लोग उन्हें लगातार शुभकामनाएं दे रहे हैं।
तालिबा ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, शिक्षकों और विद्यालय के सकारात्मक वातावरण को दिया है। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी वह इसी तरह मेहनत करती रहेंगी और अपने सपनों को पूरा करने के लिए निरंतर प्रयास करेंगी।
यह सफलता न केवल एक छात्रा की व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि उन सभी विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा है जो कठिन मेहनत और आत्मविश्वास के दम पर अपने लक्ष्य हासिल करना चाहते हैं।








